मुजफ्फरपुर: जिले के काजीमोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के माड़ीपुर स्थित जैतपुर कॉलोनी में शुक्रवार रात एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को दहला दिया। एमबीबीएस डॉक्टर आशुतोष सिंह (25) ने अपने पिता की लाइसेंसी दोनाली राइफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली।
शाम को ड्यूटी से लौटने के बाद आशुतोष ने परिवार के साथ नाश्ता किया और फिर पढ़ाई के बहाने अपने कमरे में चला गया। रात करीब साढ़े सात बजे कमरे से गोली चलने की आवाज आई, तो परिजन दौड़े। दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचे तो डॉक्टर आशुतोष का शव खून से लथपथ बिस्तर पर पड़ा था। गोली लगने से उनका चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका था। यह मंजर देखकर उनकी बहन मौके पर ही बेहोश हो गई।
आत्महत्या से पहले मौसेरे भाई को भेजा मैसेज
पुलिस जांच में यह खुलासा हुआ कि आत्महत्या से करीब आधा घंटा पहले आशुतोष ने अपने मौसेरे भाई को वॉट्सऐप पर मैसेज भेजा था, जिसमें लिखा था—“मैं सुसाइड करने जा रहा हूं।” इसके बाद उन्होंने खुद को कमरे में बंद कर लिया और गोली चला दी।
घटनास्थल से बरामद हुई लाइसेंसी राइफल
सूचना मिलते ही एएसपी नगर-1 सुरेश कुमार, स्थानीय थाना पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू की। मौके से पिता की लाइसेंसी दोनाली राइफल और एक फंसी हुई गोली बरामद की गई। पुलिस ने इसे प्राथमिक रूप से आत्महत्या का मामला बताया है।
राइफल का उसी दिन हुआ था लाइसेंस सत्यापन
परिजनों ने बताया कि आशुतोष के पिता अविनाश सिंह, जो दिघड़ा में पेट्रोल पंप के मालिक हैं, ने हाल ही में अपनी राइफल का लाइसेंस सत्यापन करवाया था। संयोग से शुक्रवार को ही वह राइफल घर की रैक में रखी गई थी।
पैतृक गांव में अंतिम संस्कार, इलाके में मातम
शनिवार को डॉक्टर आशुतोष का अंतिम संस्कार हरिशंकर मनियारी स्थित पैतृक गांव में किया गया। घटना से पूरा परिवार सदमे में है और मोहल्ले में मातम का माहौल है।
Views: 142
