बिहार विधानसभा चुनाव 2025 अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। दूसरे और अंतिम चरण का प्रचार अभियान आज, यानी 10 नवंबर की शाम पांच बजे थम जाएगा। चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार, मतदान से 48 घंटे पहले प्रचार पर रोक लगा दी जाती है ताकि मतदाता बिना किसी दबाव के मतदान कर सकें। इस चरण में 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर 11 नवंबर को वोट डाले जाएंगे। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को 121 सीटों पर हो चुका है।
दूसरे चरण के तहत जिन जिलों में मतदान होना है, उनमें पटना, नालंदा, गया, भोजपुर, औरंगाबाद, कैमूर, जहानाबाद, अरवल, नवादा, मुजफ्फरपुर, वैशाली, सारण, सीवान, गोपालगंज, मधुबनी, समस्तीपुर, बेगूसराय, भागलपुर और बांका जैसे प्रमुख जिले शामिल हैं। इन जिलों में चुनावी माहौल अपने चरम पर है। पिछले एक सप्ताह से सभी प्रमुख दलों ने मतदाताओं को लुभाने के लिए रैलियों, जनसभाओं और रोड शो का सिलसिला तेज कर दिया था, जो अब समाप्त होने वाला है।
इस बार मुकाबला मुख्य रूप से महागठबंधन (राजद, कांग्रेस और वाम दल) और एनडीए गठबंधन (जदयू और भाजपा) के बीच है। तेजस्वी यादव के नेतृत्व वाला महागठबंधन युवाओं और रोजगार के मुद्दे पर जनता से समर्थन मांग रहा है, जबकि नीतीश कुमार के नेतृत्व वाला एनडीए सुशासन, विकास और स्थिरता को लेकर जनता से वोट की अपील कर रहा है। भाजपा के राष्ट्रीय नेताओं ने भी कई जिलों में ताबड़तोड़ रैलियां की हैं।
तेजस्वी यादव ने अपनी सभाओं में बेरोजगारी, शिक्षा और सरकारी नौकरियों जैसे मुद्दों को प्रमुखता दी। उन्होंने वादा किया कि अगर उनकी सरकार बनी तो हर घर में एक नौकरी और पुरानी पेंशन योजना बहाल की जाएगी। वहीं, नीतीश कुमार ने अपने कार्यकाल की उपलब्धियों जैसे सड़क, बिजली, शिक्षा और महिला सशक्तिकरण की योजनाओं को गिनाया। भाजपा नेताओं ने भी केंद्र सरकार की योजनाओं जैसे उज्ज्वला, पीएम आवास और गरीब कल्याण अन्न योजना को जनता तक पहुंचाने पर जोर दिया।
दूसरे चरण के कई सीटों पर मुकाबला बेहद कांटे का माना जा रहा है। पटना, गया, औरंगाबाद और भागलपुर जैसे जिलों की सीटें निर्णायक साबित हो सकती हैं। इस चरण में युवाओं और पहली बार वोट देने वाले मतदाताओं की संख्या भी काफी अधिक है, जो चुनाव परिणाम पर महत्वपूर्ण असर डाल सकती है।
पहले चरण में शांतिपूर्ण मतदान हुआ था और अब दूसरे चरण के साथ ही बिहार की 243 सीटों पर मतदान प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। इसके बाद 14 नवंबर को मतगणना होगी और साफ हो जाएगा कि बिहार की सत्ता पर कौन काबिज होगा — तेजस्वी यादव का ‘युवा जोश’ या नीतीश कुमार का ‘अनुभव’।
इस बार का चुनाव न केवल राजनीतिक दलों की साख का परीक्षण है बल्कि जनता के लिए भी यह तय करने का अवसर है कि वह किस तरह के बिहार की कल्पना करती है — परिवर्तन की दिशा में कदम या स्थिरता की राह पर आगे बढ़ने का फैसला।
📅 मतदान तिथि: 11 नवंबर 2025
⏰ प्रचार समाप्ति: 10 नवंबर 2025, शाम 5 बजे
📊 मतगणना: 14 नवंबर 2025
Views: 133
